भोपाल - मध्य प्रदेश के एमपी बोर्ड के स्कूल 13 जून से खुल जाएंगे. इसके साथ ही सीएम राइस स्कूलों में भी एडमिशन शुरू हो गया है. सीएम राइज के 50 स्कूलों में एडमिशन शुरू हो जाएंगे इनमें बच्चों का दाखिला लॉटरी सिस्टम के तहत होगा. स्कूल शिक्षा विभाग से जुड़े अधिकारी कहते हैं कि इस बार बच्चों का प्रवेश उत्सव तो होगा, लेकिन उसमें राजनीतिक दल आचार संहिता के चलते दूर रहेंगे.
सीएम राइज स्कूल प्रवेश शुरू: पहले चरण में 274 सीएम राइज स्कूल प्रारंभ होना है. अभी तक सिर्फ 50 स्कूल ही खुलने की स्थिति में है. पढ़ाई से लेकर बस सेवा तक फ्री रहेगी. 15 जून से पहले सभी एडमिशन हो जाएंगे. प्रदेशभर में 9 हजार से ज्यादा सीएम राइज की तर्ज पर स्कूल खोले जाएंगे. पहले ही दिन अभिभावक और शिक्षकों के बीच संबंध स्थापित करने के लिए पेरेंट्स-टीचर मीटिंग होगी. सीबीएसई की तर्ज पर मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में हर महीने पेरेंट्स-टीचर मीटिंग होगी प्रदेश भर के सभी सरकारी स्कूल 13 जून से खुल जाएंगे.
स्क्रीनिंग नहीं की जाएगी: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान इसको लेकर मिंटो हॉल में हुए कार्यक्रम में मंशा जाहिर कर चुके हैं, कि इस बार प्रवेश उत्सव बच्चों का बेहतर होना चाहिए. उनका कहना है कि आचार संहिता की वजह से राजनीतिक दल इससे दूर रहेंगे. लोक शिक्षण संचालनालय के अपर संचालक डीएस कुशवाहा के अनुसार 15 जून से पहले सभी एडमिशन की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी. मध्य प्रदेश में 9000 से ज्यादा सीएम राइस स्कूल की तर्ज पर स्कूल खोले जाएंगे, लेकिन पहले चरण में 274 सीएम राइस स्कूल प्रारंभ होने हैं, जिसमें से 50 स्कूलों में एडमिशन की प्रक्रिया की तैयारी पूरी है.
लॉटरी सिस्टम से एडमिशन: अपर संचालक लोक शिक्षण डीएस कुशवाह के अनुसार इन स्कूलों में सभी बच्चों को मौका दिया जाना है, अगर संबंधित संख्या के लिए ज्यादा आवेदन आते हैं, तो लॉटरी द्वारा बाकी चयन किया जाएगा. इन स्कूलों में कोई भी बच्चे पढ़ सकते हैं, जिसकी स्क्रीनिंग भी नहीं होगी और मेरिट के आधार पर भी एडमिशन फिलहाल नहीं होंगे. इसकी वजह से भेदभाव की गुंजाइश नहीं रहेगी. जिस तरह की सुविधाएं दे रहे हैं उससे आने वाले समय में इन स्कूलों में एडमिशन टफ हो जाएंगे. जिन सुविधाओं के लिए आप एक लाख रुपए दे रहे हैं, वे सभी अब फ्री में मिलने लगेंगे. इसकी वजह से अब प्रेशर बढ़ने लगा है, जिसकी वजह से लॉटरी सिस्टम से एडमिशन कर रहे हैं.
यह सुविधाएं होंगी: स्कूल की तरफ से बस चलाई जाएगी. बच्चों को इसी से घर से स्कूल और स्कूल से घर ले जाया जाएगा, यह फ्री होगी. स्कूल में 160 बच्चों पर एक टीचर रहेगें. स्मार्ट क्लास होंगी. खेल के मैदान से लेकर सभी तरह की इनडोर और आउट डोर एक्टिविटी रहेंगी. सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे. एक-एक बच्चे की ट्रैकिंग एप के माध्यम से होगी. हर शिक्षक का रिपोर्ट कार्ड तैयार किया जाएगा.